अध्याय 162

"ऐन..."

लिसबेथ अपनी बेटी को लेकर चिंतित थी। ऐन मिलनसार थी, किसी से भी घुल-मिलकर बात कर लेती। लिसबेथ को डर था कि अगर वाइल्डर ने ऐन को ठुकरा दिया, तो नन्ही-सी बच्ची का दिल टूट जाएगा।

सेबास्टियन ने उसकी कलाई पकड़कर हल्का-सा दबाया—बिना बोले यह जताते हुए कि चिंता मत करो।

लिसबेथ ने ध्यान से देखा।

वाइल...

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