अध्याय 229

कोई उन्हें अभिवादन करने आया। सेबास्टियन के चेहरे पर छाई खुशी देखकर वह हँस पड़ा और बोला, “लगता है जल्द ही कोई खुशखबरी मिलेगी। जब समय आए तो मुझे भी न्योता भेजना मत भूलना।”

सेबास्टियन ने सिर हिलाया। “बिल्कुल।”

लिस्बेथ को कुछ बेबसी-सी लगी। हेज़ल की मंज़ूरी मिलते ही वह जैसे ढोल पीटकर सबको बताने लगा था।...

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