अध्याय 103

रेनी को मनाने में डेल्टा ने इतनी मेहनत की थी, और आखिर में सब बेकार जाता देख वह गुस्से से उबल पड़ी।

वह पैर पटकती हुई वहाँ से निकल गई और जाते-जाते आख़िरी चेतावनी दे गई, “जो करना है करो, लेकिन एक बात याद रखना—आरिया से पंगा मत लेना!”

रेनी ने उस पर बिल्कुल ध्यान नहीं दिया; उसके दिमाग़ में तो अभी-अभी जो...

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