अध्याय 138

"एरिका, ऑफिस का समय तो कब का निकल चुका है। तुम्हें भी घर जाना चाहिए। मैं अब निकल रही हूँ।" एमिली ने लैपटॉप बंद किया और थकी हुई आँखें मल लीं।

उसके पास ही एरिका काली फ्रेम वाला चश्मा नाक पर टिकाए बैठी थी, चेहरे पर उलझन साफ़ झलक रही थी।

एमिली की आवाज़ सुनते ही उसने ऊपर देखा। आँखें नम थीं। "मिस विंडसर...

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